APA (7 वां संस्करण) प्रशस्ति पत्र

Gebauer, G., & Riedel, K. (1953). Mühlenmärchen (56.-65. Tausend.). Jugendbuchverlag Ernst Wunderlich.

शिकागो शैली (17वां संस्करण) प्रशस्ति पत्र

Gebauer, Gerda, और Kurt Riedel. Mühlenmärchen. 56.-65. Tausend. Leipzig: Jugendbuchverlag Ernst Wunderlich, 1953.

एमएलए (8वां संस्करण) प्रशस्ति पत्र

Gebauer, Gerda, और Kurt Riedel. Mühlenmärchen. 56.-65. Tausend. Jugendbuchverlag Ernst Wunderlich, 1953.

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